दर्द मेरा ये इकट्ठा हो गया
उफ़ मोहब्बत सौदा हो गया।
इस मिट्टी सी तू फ़ितरत बदल
एक अदा पर फ़िदा हो गया।
साथ आया है ना जाएगा
प्यार से जो लबलबा हो गया।
आख़री बस कफ़न चाहिए
सब दफन शिक़वा हो गया।
ख़्वाब न उलझ ये जाए कही
मीठी नींद में हूँ सदा हो गया।
सोच माँगा तुझे किस लिये
कह दिया जैसे जुदा हो गया।
लौट आया लगा जब मुझे
जिसे चाहा खुदा हो गया।
ज़िन्दगी नीतू ख़त्म हो गयी
और तू हँसकर जुदा हो गया।
तूने वक्त हमे दिया ज़िन्दगी
आज फिर रतजगा हो गया।
उफ़ मोहब्बत सौदा हो गया।
इस मिट्टी सी तू फ़ितरत बदल
एक अदा पर फ़िदा हो गया।
साथ आया है ना जाएगा
प्यार से जो लबलबा हो गया।
आख़री बस कफ़न चाहिए
सब दफन शिक़वा हो गया।
ख़्वाब न उलझ ये जाए कही
मीठी नींद में हूँ सदा हो गया।
सोच माँगा तुझे किस लिये
कह दिया जैसे जुदा हो गया।
लौट आया लगा जब मुझे
जिसे चाहा खुदा हो गया।
ज़िन्दगी नीतू ख़त्म हो गयी
और तू हँसकर जुदा हो गया।
तूने वक्त हमे दिया ज़िन्दगी
आज फिर रतजगा हो गया।
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